Daily Current Affairs (Hindi) - 03.08.2018

National

राजस्‍थान जैव ईंधन नीति को लागू करने वाला पहला भारतीय राज्‍य बना

राजस्थान भारत सरकार की राष्ट्रीय बायोफ्यूल नीति (जैव ईंधन नीति) 2018 को लागू करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है। यह बात ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री राजेंद्र राठौड़ ने कही है। इंदिरा गांधी पंचायती राज प्रशिक्षण संस्थान में बायोफ्यूल प्राधिकरण उच्चाधिकार समिति की चतुर्थ बैठक में बायोफ्यूल नीति 2018 को प्रदेश में लागू करने को अनुमोदन किया। भारत सरकार के पैट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा 4 जून 2018 को राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति-2018 घोषित की गई है। राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति-2018 का उद्देश्य घरेलू स्तर पर जैव ईधन का उत्पादन को बढावा देना है।

मुख्य तथ्य:

  • भारत सरकार के पैट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा 4 जून 2018 को राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति-2018 घोषित की गई है.
  • राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति-2018 का उद्देश्य घरेलू स्तर पर जैव ईधन का उत्पादन को बढावा देना है.
  • बायोफ्यूल नीति के तहत इसके उपयोग के प्रति आमजन को जागरूक करने एवं तैलीय बीजों का उत्पादन बढाने के साथ उसके फायदों व मार्केटिग व्यवस्था के व्यापक प्रचार-प्रसार जोर दिया जाएगा.
  • राजस्थान में बायोडीजल उत्पादन हेतु भारतीय रेलवे के वित्तीय सहयोग से राज्य में 8 टन प्रतिदिन क्षमता वाले बायोडीजल उत्पादन सयंत्र की स्थापना की गई है.

उद्देश्य: इस नीति का उद्देश्य आने वाले दशक के दौरान देश के ऊर्जा और परिवहन क्षेत्रों में जैव ईंधन के उपयोग को बढ़ावा देना है. नीति का उद्देश्य घरेलू फीडस्टॉक को बढ़ावा देना और जैव ईंधन के उत्पादन के लिए इसकी उपयोगिता के साथ-साथ एक स्थायी तरीके से नए रोजगार के अवसर पैदा करने के अलावा राष्ट्रीय ऊर्जा सुरक्षा, जलवायु परिवर्तन के अल्पीकरण में योगदान करते हुए जीवाश्म ईंधन का तेजी से विकल्प बनाना है. साथ ही, यह नीति जैव ईंधन बनाने के लिए अग्रिम तकनीकों के आवेदन को प्रोत्साहित करेगी.
 

International

यू.एन के ई-गवर्नमेंट इंडेक्‍स में भारत का 96वां स्‍थान, डेनमार्क शीर्ष पर

संयुक्‍त राष्‍ट्र के ई-गवर्नमेंट इंडेक्स 2018 के अनुसार, 193 देशों के बीच संयुक्‍त राष्‍ट्र के छमाही ई-गवर्नमेंट इंडेक्स 2018 में भारत (कुल स्कोर - 9551) का 96वां स्थान (वर्ष 2014 में 118वां) है।
वर्ष 2018 संस्करण का शीर्षक 'टिकाऊ और लचीले समाजों के प्रति बदलाव का समर्थन करने के लिए ई-गवर्नमेंट का विकास' रखा गया था।डेनमार्क (0.9150) ने वर्ष 2018 ई-गवर्नमेंट विकास सर्वेक्षण में शीर्ष स्थान हासिल किया।ई-गवर्नमेंट सर्वेक्षण संयुक्त राष्ट्र द्वारा हर दो वर्षों में जारी किया जाता है। 2018 संस्करण को Gearing E-Government to Support Transformation towards sustainable and resilient societies' के रूप में नामित किया गया था। भारत, जो वर्ष 2014 में 118वें स्थान पर था वह 11 स्थान की छलांग लगा कर 2018 में 96वें स्थान पर पहुँच गया है। EGDI तीन सामान्यीकृत सूचकांक के भारित औसत के आधार पर एक समग्र सूचकांक है:

1. Telecommunications Infrastructure Index (TII),
2. Human Capital Index (HCI),
3. Online Service Index (OSI).

एक तिहाई संयुक्त राष्ट्र शैक्षणिक, वैज्ञानिक और सांस्कृतिक संगठन (यूनेस्को) द्वारा प्रदान किए गए आंकड़ों के आधार पर मानव पूंजी सूचकांक (एचसीआई) से लिया जाता है। एक तिहाई UNDESA द्वारा आयोजित एक स्वतंत्र सर्वेक्षण प्रश्नावली से एकत्रित आंकड़ों के आधार पर ऑनलाइन सेवा सूचकांक (ओएसआई) जो सभी 193 संयुक्त राष्ट्र के सदस्य देशों की राष्ट्रीय ऑनलाइन उपस्थिति का आकलन करता है।

टॉप 10 देशों की सूची

  • डेनमार्क 0.9150
  • ऑस्ट्रेलिया 0.9053
  • रिपब्लिक ऑफ़ कोरिया a 0.9010
  • यूनाइटेड किंगडम 0.8999
  • स्वीडन 0.8882
  • फ़िनलैंड 0.8815
  • सिंगापुर 0.8812
  • न्यू ज़ीलैंड Zealand 0.8806
  • फ्रांस 0.8790
  • जापान 0.8783

पिछले वर्ष अक्तूबर में विश्व बैंक की आसान व्यापार सूचकांक में भारत शीर्ष के 100 रैंक में पहुंच गया है। वैश्विक शांति सूचकांक में भी भारत ने 163 देशों में से 136 रैंक पाई है। यह आंकड़े अंतराष्ट्रीय संघठनों के द्वारा अध्ययन करने के बाद ही प्राप्त होते हैं। आंकड़ों के आधार पर रैंकिंग दी जाती है।
 

Trade & Economy

रिलायंस टी.सी.एस को पीछे छोड़कर भारत की सबसे मूल्‍यवान कंपनी बनी

देश की सबसे बड़ी सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) ने छह लाख करोड़ रुपए के बाजार पूंजीकरण के स्तर को पार कर लिया। इस तरह से टीसीएस रिलायंस इंडस्ट्रीज को पीछे छोड़कर फिर से देश की सबसे मूल्यवान कंपनी बन गई।बीते दिन कारोबार की समाप्ति पर टीसीएस का बाजार पूंजीकरण 6,00,569.45 करोड़ रुपए पर रहा। बंबई शेयर बाजार में कंपनी के शेयर 4.04 प्रतिशत की बढ़त लेकर 3,137.30 रुपए प्रति शेयर पर बंद हुए। दिन में एक समय यह 4.46 प्रतिशत चढ़कर 3,150 रुपए प्रति शेयर पर पहुंच गया था। टीसीएस का बाजार पूंजीकरण रिलायंस इंडस्ट्रीज के 5,87,570.56 करोड़ रुपए की तुलना में 12,998.89 करोड़ रुपए अधिक रहा।

शीर्ष पांच कंपनियों में टीसीएस के बाद रिलायंस इंडस्ट्रीज रही। इसके बाद 4,99,892.24 करोड़ रुपए के साथ एचडीएफसी बैंक तीसरे, आईटीसी 3,19,752.53 करोड़ रुपए के साथ चौथे और 3,06,416.93 करोड़ रुपए के साथ एचडीएफसी पांचवें स्थान पर रहीं।


भारत में डिजिटल भुगतान बाजार अगले 5 वर्षों में एक ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच जाएगा

नितीआयोग ने कहा है कि भारत में डिजिटल भुगतान बाजार अगले पांच वर्षों में ट्रिलियन डॉलर का उद्योग बनने जा रहा है। अयोध ने एक रिपोर्ट में कहा कि इसका नेतृत्व मोबाइल भुगतान में बढ़ोतरी के साथ किया जाएगा, जो 20123-18 में 10 अरब डॉलर से 2023 तक 190 अरब डॉलर तक पहुंच जाएगा।भारतीय डिजिटल भुगतान क्षेत्र में वैश्विक खिलाड़ियों के प्रवेश के साथ यह तेजी से बढ़ेगा। निवेश बैंकिंग कंपनी क्रेडिट सुइस की एक रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि 2023 तक भारत का डिजिटल भुगतान क्षेत्र पांच गुना बढ़कर 1,000 अरब डॉलर पर पहुंच जाएगा।

रिपोर्ट में कहा गया है कि अभी यह 200 अरब डॉलर से भी कम है। इसमें वित्त वर्ष 2017-18 में मोबाइल के जरिये अनुमानित डिजिटल भुगतान का आंकड़ा 10 अरब डॉलर ही था। रिपोर्ट कहती है कि मोबाइल के जरिये भुगतान बढ़ने से 2023 तक कुल डिजिटल भुगतान 1,000 अरब डॉलर पर पहुंच जाएगा।

Awards

प्रदीप चौधरी को मोहन बागान रत्‍न पुरस्‍कार 2018 से सम्‍मानित किया गया

प्रदीप चौधरी, जिन्होंने सुब्रोटो भट्टाचार्य के साथ केंद्रीय रक्षात्मक जोड़ी बनाई थी, जब मोहन बागान ने 1977 में पेले की कॉसमॉस टीम पर कब्जा कर लिया था, उन्हें 129 वर्षीय क्लब के वार्षिक दिन मोहन बागान रत्न 2018 से सम्मानित किया गया था। चौधरी को ₹ 1 लाख के लिए चेक मिला।मोहन बागान दिवस के अवसर पर, 29 जुलाई, 1911 को आईएफए शील्ड फाइनल में पूर्वी यॉर्कशायर रेजिमेंट 2-1 से मारिनर्स की जीत का जश्न मनाने के लिए आयोजित किया गया

मोहन बागान

  • मोहन बागान एथलेटिक क्लब कोलकाता में स्थित एक भारतीय फुटबॉल क्लब है।
  • यह क्लब 15 अगस्त 1889 को स्थापित किया गया था, इसे भारत का राष्ट्रीय क्लब कहा जाता है
  • इसे एशिया के सबसे पुराने फुटबॉल क्लब होने का गौरव भी प्राप्त है।
  • यह फुटबॉल टीम अपनी स्थापना के बाद से ही सफल रहा है और इसने भारत के सबसे सफल क्लबों में से एक के रूप में अपनी स्थिति को बनाए रखा है।
  • इसने राष्ट्रीय महत्व की कई ट्राफियां जीती है जैसे- फेडरेशन कप, डूरंड कप, नेशनल फुटबॉल लीग और कोलकाता प्रीमियर डिवीजन।
  • मोहन बागान किसी यूरोपीय टीम को हराने वाली पहली भारतीय टीम थी, जब उन्होने 1911 में ईस्ट यॉर्कशायर रेजीमेंट को हराया था